UPPCS Mains- 2018 answer writing practice || UPPCS मुख्य परीक्षा – 2018 उत्तर लेखन अभ्यास #27

UPPCS Mains- 2018 answer writing practice

Why are Temperate Grasslands known as ―Granaries of the world? (200 words)
शीतोष्ण घास के मैदान को विश्व के धान्यागार के रूप में क्यों जाना जाता है? (200 शब्द)

Temperate grasslands of the world are the major exporters (around 47%) of the
cereals like wheat, barley, oats etc. to the European countries as well as throughout
the world, thus known as “Granaries of the world.”

Reasons are :
1. It is located between 30 dg to 60 dg latitude in the inner part of the  continents at both hemisphere and has moderate rainfall and short growing  season, thus supports the growth of grass type plants with long root system.

2. Temperate grasslands have soils that are nutrient rich from the growth and decay of deep, many branched grass roots. The rotten roots hold the soil together and provide a food source for living plants. The world’s most fertile soils underlie the eastern prairies of the U.S., the pampas of South America, and the steppes of Ukraine and Russia.

3. Nomadic and pastoral people have been living there since ancient times, and
support flourishing animal husbandry.

4. Due to sparsely populated area and high fertile soil, agriculture has been highly mechanized for greater production.

5. Practice of scientific methods to retain the soil fertility throughout the year for enriched production.

6. Development of communication system paves the way for the international market where throughout the year demand remains high.


शीतोष्ण घास के मैदान यूरोपीय देशों तथा विश्व को गेहूं, जौ, जई आदि जैसे अनाज के प्रमुख निर्यातक (लगभग 47%) हैं, इस प्रकार उन्हें ” विश्व के धान्यागार” के नाम से जाना जाता है।

कारण हैं:
1. यह गोलार्ध दोनों में महाद्वीपों के भीतरी भाग में 30 से 60 डिग्री अक्षांश के बीच स्थित है और इसमें मध्यम वर्षा और इसमें फसल का  मौसम सीमित अवधि का है, अतः यहाँ  लंबी जड़ प्रणाली वाले  घास के प्रकार के पौधों के विकास को प्रोत्साहन मिलता  है।

2. तेज़ घास के मैदानों में ऐसी मिट्टी होती है  जिसमे, गहरे और कई शाखा वाली जड़ों के विकास और क्षय के कारण, समृद्ध पोषक तत्व होते हैं। क्षय होती जड़ें मिट्टी को एक साथ रखती हैं और जीवित पौधों के लिए एक खाद्य स्रोत प्रदान करती हैं। दुनिया की सबसे उपजाऊ मिट्टी अमेरिका की पूर्वी प्रेयरी, दक्षिण अमेरिका के पंपास  और यूक्रेन और रूस के मैदानों में होती है।

3. प्राचीन काल से घुमन्तु पशुपालक वहां रह रहे हैं, और बढ़ते हुए पशुपालन उद्योग के प्रमुख स्तम्भ हैं ।

4. कम आबादी वाले क्षेत्र और उपजाऊ मिट्टी के कारण, कृषि की अधिक उत्पादकता हेतु  मशीनीकरण  किया गया है।

5. उच्च उत्पादन के लिए पूरे वर्ष मिट्टी की प्रजनन क्षमता को बनाए रखने के लिए वैज्ञानिक तरीकों का प्रयोग

6. संचार प्रणाली का विकास अंतरराष्ट्रीय बाजार,जहां पूरे साल मांग उच्च बनी रहती है, के लिए मार्ग प्रशस्त करता है ।